नई दिल्ली। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने उन रिटेल निवेशकों को आगाह किया है जो हाई रिस्क वाले फ्यूचर एंड ऑप्शन ट्रेडिंग (एफएंडओ) के जरिए कमाई करना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि इस तरह की ट्रेडिंग की दिलचस्पी परिवारों की जमा-पूंजी के लिए मुश्किलें खड़ी कर सकती हैं। वित्त मंत्री का ये बयान ऐसे समय में आया है जब रिटेल निवेशकों का रुझान फ्यूचर एंड ऑप्शन ट्रेडिंग की ओर बढ़ रहा है। बाजार नियामक सेबी के एक स्टडी से पता चला है कि 10 में से नौ रिटेल निवेशकों को फ्यूचर एंड ऑप्शन ट्रेडिंग में नुकसान होता है।
निर्मला सीतारमण ने शेयर बाजार बीएसई के एक कार्यक्रम में कहा- फ्यूचर एंड ऑप्शन ट्रेडिंग सेग्मेंट में रिटेल कारोबार में कोई भी बेलगाम तेजी न केवल बाजार के लिए बल्कि निवेशकों की भावनाओं और परिवार के स्तर पर जमा-पूंजी को लेकर भी आने वाले समय में समस्याएं पैदा कर सकती है। वित्त मंत्री के मुताबिक पारिवारिक बचत में एक पीढ़ीगत बदलाव हुआ है। हम उसे सुरक्षित रखना चाहते हैं। इसके अगला साथ ही वित्त मंत्री ने बीएसई से कड़े अनुपालन और मज लेख नियामकीय मानकों के जरिये निवेशकों का भरोसा बढ़ाने क लिए सेबी के साथ मिलकर काम करने की भी अपील की। उन्होंने कहा कि बीएसई और एनएसई को प्रणालीगत जोखिम को कम करना चाहिए तथा बाजार की स्थिरता सुनिश्चित करनी चाहिए।
क्या होता है फ्यूचर एंड ऑप्शन ट्रेडिंग
यह ट्रेडिंग का एक ऐसा तरीका है जिसमें निवेशक को
सहूलियत मिलती है कि वे कम पूंजी के साथ किसी स्टॉक,
कमोडिटी, करेंसी में बड़ी पोजिशन ले सकते हैं। इस तरह की
ट्रेडिंग में हाई रिस्क होता है। इस ट्रेडिंग के जरिए झटके में
मालामाल हो सकते हैं तो कंगाली भी आशंका बनी रहती है।
यहां सूझबूझ और सही प्रिडिक्शन नहीं होने की वजह से
ज्यादातर निवेशक अपना सबकुछ डुबो देते हैं।