नीट यूजी 2026 की परीक्षा रद्द होने के बाद नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) पर लगातार सवाल उठ रहे हैं. करीब 22 लाख छात्रों का भविष्य इस फैसले से सीधे तौर पर प्रभावित हुआ है. ऐसे में यह जानना जरूरी हो जाता है कि जिस एजेंसी पर देश की सबसे बड़ी परीक्षाओं की जिम्मेदारी है उसकी कमान किस अधिकारी के हाथों में है.
नीट यूजी 2026 की परीक्षा रद्द होने के बाद छात्रों और अभिभावकों के मन में सबसे बड़ा सवाल यही है कि आगे क्या होगा और जिम्मेदारी किसकी है? इसी बीच NTA के महानिदेशक आईएएस अभिषेक सिंह सुर्खियों में आ गए हैं. परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता और भरोसे को दोबारा कायम करना अब उनकी सबसे बड़ी चुनौती मानी जा रही है.
कौन हैं आईएएस अभिषेक सिंह?
आईएएस अभिषेक सिंह 1995 बैच के नागालैंड कैडर के वरिष्ठ अधिकारी हैं. उन्हें प्रशासनिक सेवा में करीब तीन दशकों से अधिक का अनुभव है. हाल ही में केंद्र सरकार ने बड़े स्तर पर हुए प्रशासनिक फेरबदल में उन्हें अप्रैल नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA)का महानिदेशक नियुक्त किया. इससे पहले वह राष्ट्रीय सूचना केंद्र (NIC)के महानिदेशक के रूप में काम कर रहे थे.
IIT कानपुर से लेकर हार्वर्ड यूनिवर्सिटी तक की पढ़ाई
अभिषेक सिंह की शैक्षणिक पृष्ठभूमि काफी मजबूत मानी जाती है. उन्होंने देश के प्रतिष्ठित संस्थान IIT कानपुर से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में बीटेक और एमटेक की डिग्री हासिल की. इसके बाद उन्होंने हार्वर्ड यूनिवर्सिटी से लोक प्रशासन में मास्टर डिग्री ली.यही नहीं उन्होंने 1994 में UPSC परीक्षा दी थी और ऑल इंडिया रैंक 6 हासिल कर प्रशासनिक सेवा में कदम रखा.
NIC के महानिदेशक के रूप में अहम भूमिका
आईएएस अभिषेक सिंह ने 21 अप्रैल 2024 को इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के तहत NIC के महानिदेशक का पद संभाला था. इस दौरान वह मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव की जिम्मेदारी भी निभा रहे थे.NIC में रहते हुए उन्होंने डिजिटल गवर्नेंस, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, साइबर सिक्योरिटी,इमर्जिंग टेक्नोलॉजी और डिजिटल स्किल डेवलपमेंट जैसे अहम क्षेत्रों की निगरानी की.
IndiaAI मिशन के CEO भी रहे
NIC में कार्यकाल के दौरान अभिषेक सिंह को सरकार के महत्वाकांक्षी 10,000 करोड़ रुपये के IndiaAI मिशन का CEO भी बनाया गया था. इस मिशन का मकसद देश में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को बढ़ावा देना और सरकारी सिस्टम में आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल बढ़ाना है. टेक्नोलॉजी और प्रशासन के बेहतर तालमेल के लिए उन्हें एक कुशल अधिकारी माना जाता है.
नागालैंड से केंद्र सरकार में कई पदों पर रहे
अपने लंबे करियर में अभिषेक सिंह ने कई महत्वपूर्ण पदों पर काम किया है.2017 से 2019 के बीच वह नागालैंड सरकार में मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव, शहरी विकास विभाग, कार्मिक एवं प्रशासनिक सुधार विभाग और गृह आयुक्त जैसे अहम पदों पर रहे.इससे पहले उन्होंने भारतीय खाद्य निगम (FCI)में कार्यकारी निदेशक के रूप में आईटी, इंजीनियरिंग और स्टोरेज से जुड़े बड़े प्रोजेक्ट्स का नेतृत्व किया.
