Heavy Rain : भोपाल की एक दर्जन कॉलोनियों में जलभराव, कल स्कूलों की छुट्टी, बड़े तालाब में 1662 फीट पानी

भोपाल। भोपाल में पिछले 18 घंटे से जारी बारिश की वजह से कई इलाकों में जलभराव के हालात बन गए हैं। अयोध्या बायपास स्थित इको ग्रीन पार्क और कोलार रोड स्थित जानकी सोसायटी में तो 2 से 3 फीट तक पानी भर गया। इको ग्रीन पार्क के करीब 100 घरों में जलभराव है। इधर, कल यानी, बुधवार को भोपाल के सभी सरकारी और प्राइवेट स्कूलों की छुट्टी घोषित कर दी गई। भारी बारिश को देखते हुए कलेक्टर सिंह के निर्देश डीईओ एनके अहिरवार ने आदेश जारी किए।
कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह के निर्देश पर एसडीएम रवीशकुमार श्रीवास्तव टीम के साथ मौके पर पहुंचे और हालात पर काबू पाने में जुट गए।रहवासी संघ की अध्यक्ष डॉ. निशा पांडे ने बताया कि साल 2007 में विकसित हुई इको ग्रीन पार्क कॉलोनी के पीछे से पुल पातरा नाला गुजरा है। यह पुराने शहर से आया है, जो ओवरफ्लो हो गया है। इस वजह से सोमवार रात से ही जलभराव के हालात बन गए हैं। 100 से ज्यादा परिवार भयभीत है, क्योंकि लगातार तेज बारिश का दौर बना हुआ है। बता दें कि भोपाल में सोमवार-मंगलवार की रात 12 बजे से बारिश का दौर शुरू हुआ, जो अगले दिन शाम 6 बजे के बाद तक चलता रहा। 18 घंटे में 4 इंच पानी गिर गया। मंगलवार सुबह साढ़े 8 से शाम 5.30 बजे तक ही 2 इंच बारिश दर्ज की गई।
जेके रोड, मिनाल रेजीडेंसी के पास भरा पानी
जेके रोड पर मिनाल रेजीडेंसी के पास और सीवेट के सामने दो फीट तक पानी भर गया। करोंद, शिवनगर, अशोका गार्डन, लिंक रोड नंबर-1, नेहरू नगर, इंडस टाउन समेत कई इलाकों में जलभराव की स्थिति रही।
बड़ा तालाब में बढ़ा पानी, अब 5 फीट ही खाली
इस मानसूनी सीजन में पहली बार मंगलवार की सुबह कोलांस नदी के 1 फीट ऊपर बहने से भोपाल के बड़ा तालाब में पानी का लेवल बढ़ गया। दोपहर में नदी 4 फीट ऊपर बही तो शाम को 9 फीट तक आ गई। इस वजह से शाम तक जलस्तर 1662 फीट पर पहुंच गया। अब यह 5 फीट ही खाली है।
भदभदा डैम भरते ही कलियासोत में पहुंचेगा पानी
सीहोर जिले में भी तेज बारिश का दौर जारी है। वहीं, बड़े तालाब के कैचमेंट एरिया में भी बारिश हो रही है। इस वजह से कोलांस नदी एक फीट ऊपर बह रही है। ऐसे में जल संसाधन विभाग ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। बड़ा तालाब जब पूरा भरेगा तब भदभदा के गेट खुलेंगे और यह पानी सीधे कलियासोत डैम में पहुंचेगा।

टेस्टिंग के लिए खोला गया कलियासोत डैम का एक गेट
ऐसी स्थिति में कलियासोत डैम के गेट भी खोलने पड़ेंगे। इसलिए मंगलवार दोपहर 12 बजे कलियासोत डैम के गेटों को खोलकर टेस्टिंग की गई। सबसे पहले साइरन बजाया गया। ताकि, आसपास मौजूद लोग अलर्ट हो जाएं। इसके बाद एक गेट खोला गया। भले ही टेस्टिंग हो, लेकिन सीजन में पहली बार कलियासोत डैम का गेट खोला गया है।
कई इलाकों में जलभराव की स्थिति
रात से बारिश होने के बाद हमीदिया रोड के भारत टॉकीज से लेकर अल्पना तिराहा तक जलभराव की स्थिति बनी हुई है। इस वजह से गाड़ियां रेंगती हुई गुजर रही हैं। वहीं, भोपाल रेलवे स्टेशन की ओर आने-जाने वाले यात्रियों को भी पानी में से ही गुजरना पड़ा।
बड़ा तालाब अब 5 फीट ही खाली
बड़ा तालाब: इसकी जलभराव क्षमता 1666.80 फीट है। इसमें मंगलवार शाम तक 1661.80 फीट जमा हो चुका है। अब इसे पूरा भरने में अभी 5 फीट पानी की और जरूरत है। पिछली बार बड़ा तालाब जुलाई में ही भर गया था, लेकिन इस बार अभी भी खाली है। बड़ा तालाब पूरा भरने के बाद भदभदा डैम के गेट खुलते हैं। इस बार कैचमेंट एरिया में कम बारिश हुई है। जिससे कोलांस नदी लबालब नहीं हुई।
कोलार डैम: इसका वॉटर लेवल 1516.40 फीट है। अभी इसमें 1492.94 फीट पानी जमा है। इस हिसाब से यह काफी खाली है। कोलार डैम से ही भोपाल शहर के 40% हिस्से में पानी की सप्लाई की जाती है। पिछली बार जुलाई में इसके गेट खोलने पड़े थे।
केरवा डैम: कुल 1673 फीट वाले केरवा डैम में अब तक 1654 फीट पानी आ चुका है। तेज बारिश होने के बाद डैम में पानी का लेवल बढ़ जाएगा।
कलियासोत डैम: डैम का अभी वॉटर लेवल 1649.93 फीट है। इसकी कुल जलभराव क्षमता 1659.02 फीट है। इसके चलते डैम अभी भी करीब 9 फीट खाली है। बड़ा तालाब के गेट खुलने पर कलियासोत डैम में पानी आएगा और गेट खुल जाएंगे।
भोपाल में आज भारी बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने मंगलवार को भोपाल में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। यहां अगले 24 घंटे में साढ़े 4 इंच तक पानी गिर सकता है। बता दें कि इस बार भोपाल में बारिश के स्ट्रॉन्ग सिस्टम की एक्टिविटी कम रही है। इस वजह से तालाब और डैम में ज्यादा पानी नहीं बढ़ा, लेकिन अब फिर से तेज बारिश शुरू हुई है। ऐसे में अगस्त के पहले सप्ताह तक अच्छा पानी आ सकता है।
सीहोर में भी तेज बारिश शुरू
सीहोर में तेज बारिश होने से कोलांस नदी उफान पर आती है और बड़ा तालाब में पानी का लेवल बढ़ता है। पिछले कुछ दिनों से तेज बारिश नहीं होने से कोलांस उफान पर नहीं आई। इस कारण बड़ा तालाब और कोलार डैम में भी पानी नहीं बढ़ा, लेकिन इछावर की तरफ तेज बारिश होने से कोलार में पानी का लेवल बढ़ रहा है। वहीं, बड़ा तालाब में भी पानी बढ़ा है।







