MP: आदेश तो नही आया, आयुक्त ने प्रमुख सचिव को लिखे पत्र में दी जानकारी, पेड़ काटकर आवास नहीं बनाए जायेंगे, वैकल्पिक स्थान की तलाश होगी

भोपाल। भोपाल में 29 हजार पेड़ काटकर मंत्री-विधायकों के बंगले बनाने की योजना सरकार ने कैंसिल कर दी है। मध्य प्रदेश गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल ने आदेश जारी कर कहा है कि प्रस्ताव को निरस्त कर वैकल्पिक स्थान का परीक्षण किया जा रहा है।शाम को यहां विशाल कैंडल मार्च निकला गया।

इससे पहले सोमवार दोपहर नगरीय प्रशासन एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने सोशल मीडिया X पर इसकी जानकारी दी। लिखा- नए भोपाल के पुनर्धनत्वीकरण योजना के पर्यावरण संरक्षण एवं क्षेत्र में मौजूदा वृक्षों को देखते हुए प्रस्ताव को अस्वीकृत कर दिया है। साथ ही अन्य वैकल्पिक स्थानों के परीक्षण के निर्देश दिए गए हैं।

आज एक पत्र जारी हुआ है, जो मध्य प्रदेश गृह निर्माण मंडल के आयुक्त ने प्रमुख सचिव आवास एवं नगरीय विकास विभाग को लिखा है। इसमें कहा गया है कि  कर्मचारी आवासों की कमी के दृष्टिगत 1250 क्वाटर्स, भोपाल के जर्जर एवं अनुपयोगी मकानों की जगह पुनर्घनत्वीकरण नीति-2022 के अन्तर्गत प्रारंभिक परियोजना तैयार कर शासन स्तर पर प्रस्तुतीकरण किया गया था। पर्यावरण संरक्षण एवं क्षेत्र के विद्यमान वृक्षों को देखते हुए प्रस्तावित परियोजना को संपूर्ण विचारोपरान्त अस्वीकृत कर अन्य वैकल्पिक स्थानों के परीक्षण के निर्देश दिये गये हैं। साथ ही यह निर्देशित किया गया था कि वैकल्पिक प्रस्ताव तैयार करते समय प्रारंभिक स्तर पर ही पर्यावरणविदों, स्थानीय जनप्रतिनिधियों एवं नागरिकों से भी व्यापक विचार-विमर्श कर लिया जावे।
निर्देशानुसार, प्रस्तुतीकरण उपरांत दिये गये निर्देश के अनुक्रम में पूर्व प्रस्ताव को निरस्त कर वैकल्पिक स्थल का परीक्षण किया जा रहा है।

कैंडल मार्च निकला

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Sanjay Saxena

BSc. बायोलॉजी और समाजशास्त्र से एमए, 1985 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय , मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के दैनिक अखबारों में रिपोर्टर और संपादक के रूप में कार्य कर रहे हैं। आरटीआई, पर्यावरण, आर्थिक सामाजिक, स्वास्थ्य, योग, जैसे विषयों पर लेखन। राजनीतिक समाचार और राजनीतिक विश्लेषण , समीक्षा, चुनाव विश्लेषण, पॉलिटिकल कंसल्टेंसी में विशेषज्ञता। समाज सेवा में रुचि। लोकहित की महत्वपूर्ण जानकारी जुटाना और उस जानकारी को समाचार के रूप प्रस्तुत करना। वर्तमान में डिजिटल और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया से जुड़े। राजनीतिक सूचनाओं में रुचि और संदर्भ रखने के सतत प्रयास।

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