रायसेन। प्रदेश में जल गंगा संवर्धन अभियान का आज समापन हो रहा है, लेकिन रायसेन जिले में इसकी जमकर धज्जियाँ उड़ाई गईं। जिले के दर्जनों छोटे बाँध दरक रहे हैँ, कोई देखने वाला नहीं है। सुल्तानपुर के पलकमती बांध की हालत ये है कि कई जगह से दीवारें चटक रही हैँ, पर अभियान के दौन कोई अफसर वहां देखने तक नहीं गया।
सिचाई विभाग मे रायसेन अंतर्गत सुल्तानपुर उपसंभाग मे घाट पिपलिया बांध में भ्रष्टाचार की पराकाष्ठा देखने को मिली। अधिकारिओं और उपयंत्री द्वारा ध्यान ना दिए जाने के कारण ये कई जगह से दरक रहा है. इसकी मरम्मत नहीं हुई तो ये बहुत जल्द दम तोड़ देगा।
जिले की कार्यपालन यंत्री से लेकर एसडीओ और उपयंत्री तक, कोई देखरेख नहीं कर रहा है, ना ही कोई मौके पर जाता है। ये चर्चा के लिए भी मुख्यालय मर नहीं मिलते। घाट पिपलिया डैम की पार मे अत्यधिक दरारें आ गई हैँ तथा कई जगह इतनी झाड़ियां लगी हुई है कि वहां से बांध कभी भी फूट सकता है। ऐसी स्थिति मे डैम से कभी भी कोई अप्रिय घटना घटित हो सकती है। इस सम्बन्ध में चर्चा के लिए संपर्क करने का प्रयास किया गया, परन्तु किसी ने बात लड़ना उचित नहीं समझा।
रायसेन से अमन की रिपोर्ट
