नई दिल्ली। बिहार का विधानसभा चुनाव दो चरणों में कराया जाएगा। पहले चरण की वोटिंग 6 नवंबर को और दूसरे चरण की वोटिंग 11 नवंबर को होगी। 14 नवंबर बिहार विधानसभा चुनाव के नतीजे आएंगे।
इस बार के बिहार विधानसभा चुनाव के लिए 7 करोड़ 41 लाख मतदाता वोट डालने के लिए पंजीकृत हैं। यह आकड़े आयोग द्वारा विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के बाद जारी किए गए थे। एसआईआर के बाद राज्य में मतदाताओं की संख्या में करीब 41 लाख की कमी आई है। वहीं, 2020 के विधानसभा चुनाव के मुकाबले इस बार पांच लाख से ज्यादा नए मतदाता वोट डालेंगे।
एसआईआर के बाद कितनी बदली मतदाता सूची?
आगमी विधानसभा चुनाव को देखते हुए बिहार में चुनाव आयोग के द्वारा विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर करवाया गया। इसमें नए सिरे से बिहार में मतदाताओं की गणना की गई। यह प्रक्रिया जून से शुरू हुई थी जिसकी अंतिम सूची 30 सितंबर को आयोग की वेबसाइट पर जारी कर दी गई। 30 सितंबर 2025 को आई इस सूची के अनुसार बिहार में कुल 7,41,92,357 मतदाता पंजीकृत है। 2020 में यह आकड़ा 7,36,47,660 था। यानी, 2020 के मुकाबले इस बार चुनाव में 5,44,697 मतदाताओं का इजाफा हुआ है। हालांकि, एसआईआर के बाद राज्य में पंजीकृत मतदाताओं की संख्या में 47,77,487 कमी आई है।
महिला-पुरुष वोटर पंजीकृत?
2025 के विधानसभा चुनाव में 3,92,07,804 पुरुष मतदाता वोट डालने के लिए पात्र हैं। 2020 में यह आंकड़ा 3,87,89,388 था। पिछले चुनाव के मुकाबले पुरुष मतदाताओं की संख्या में 4,18,416 का इजाफा हुआ है। महिला मातदाताओं की बात करें तो इस बार के चुनाव में कुल 3,49,82,828 महिला मतदाता वोट डालने के लिए पंजीकृत हैं। 2020 में इनकी संख्या 3,48,55,815 थी। पांच साल में महिला मतदाताओं की संख्या में 1,27,013 का इजाफा हुआ है। इसके अलावा इस चुनाव में 1,725 अन्य मतदाता भी वोट डालने के लिए पंजीकृत हैं। 2020 में इनकी संख्या 2,457 थी।
युवा मतदाताओं की संख्या कितनी है?
चुनाव आयोग के आंकड़ों के अनुसार, बिहार में 18-19 आयु वर्ग के 14,01,150 युवा मतदाता हैं। वहीं, दिव्यांग मतदाताओं की संख्या 7,20,709 है।
