मुंबई। मेटल और माइनिंग सेक्टर की दिग्गज कंपनी वेदांता लिमिटेड ने मार्च तिमाही (Q4 FY26) के नतीजे जारी कर दिए हैं और कंपनी ने लगभग हर पैरामीटर पर रिकॉर्ड प्रदर्शन दर्ज किया है. कंपनी का नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 89% बढ़कर 9,352 करोड़ रुपये रहा, जो अब तक का सबसे बेहतर तिमाही मुनाफा है.
कंपनी की आय, EBITDA और मार्जिन भी रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचे हैं, जिससे साफ है कि बेहतर कमोडिटी प्राइस, मजबूत ऑपरेटिंग प्रदर्शन और लागत नियंत्रण का फायदा कंपनी को मिला है. कंपनी ने FY27 से डिविडेंड डिस्ट्रीब्यूशन पॉलिसी में बदलाव को मंजूरी दी है.
वेदांता की ऑपरेशनल रेवेन्यू मार्च तिमाही में 29% बढ़कर 51,524 करोड़ रुपये रही, जो कंपनी का अब तक का सबसे ऊंचा तिमाही रेवेन्यू है. वहीं EBITDA 59% की जोरदार बढ़त के साथ 18,447 करोड़ रुपये पर पहुंच गया. EBITDA मार्जिन 44% रहा, जो पिछले साल की समान तिमाही से 915 बेसिस प्वाइंट बेहतर है.
पूरे साल भी मजबूत प्रदर्शन
FY26 के पूरे वित्त वर्ष में भी कंपनी ने रिकॉर्ड प्रदर्शन किया.
शुद्ध मुनाफा: 22% बढ़कर 25,096 करोड़ रुपये
रेवेन्यू: 15% बढ़कर 1,74,075 करोड़ रुपये
EBITDA: 29% बढ़कर 55,976 करोड़ रुपये
EBITDA मार्जिन: बढ़कर 39%
बैलेंस शीट हुई मजबूत
कंपनी ने बताया कि उसका Net Debt/EBITDA ratio घटकर 0.95x पर आ गया है, जो पिछले 14 तिमाहियों में सबसे बेहतर स्तर है. यह संकेत देता है कि कंपनी की बैलेंस शीट मजबूत हुई है और कर्ज का बोझ नियंत्रित है. इसके अलावा CRISIL और ICRA ने कंपनी की AA क्रेडिट रेटिंग बरकरार रखी है.
डिविडेंड और डिमर्जर अपडेट
वेदांता ने मार्च तिमाही के दौरान 11 रुपये प्रति शेयर डिविडेंड का भुगतान किया है, जो पहले ही मार्च में निवेशकों को दिया जा चुका है. साथ ही कंपनी ने बताया कि उसका प्रस्तावित डिमर्जर 1 मई 2026 से प्रभावी होगा. निवेशक इस कॉर्पोरेट एक्शन पर खास नजर रखेंगे क्योंकि डिमर्जर से अलग-अलग बिजनेस वर्टिकल्स की वैल्यू अनलॉक होने की उम्मीद है.
निवेश और ग्रोथ प्लान
कंपनी ने FY26 में 14,918 करोड़ रुपये का ग्रोथ कैपेक्स किया, जो बताता है कि विस्तार योजनाओं पर आक्रामक निवेश जारी है.
