UAE से चीन जा रहे LPG जहाजों को कैसे भारतीय कारोबारी ने बीच रास्ते खरीद लिया… दिलचस्प किस्सा

नागपुर: ईरान पर अमेरिका और इजरायल के हमले के बाद से पूरी दुनिया में तेल और गैस का संकट पैदा हो गया। इसका असर भारत पर भी पड़ा है। देश में LPG की बढ़ती किल्लत और सप्लाई चेन में आई बाधाओं के बीच नागपुर के एक दिग्गज उद्योगपति ने बेहद साहसिक कदम उठाकर देश को बड़ी राहत दी है। कॉन्फिडेंस पेट्रोलियम लिमिटेड के सीएमडी नितिन खारा ने अपनी व्यावसायिक सूझबूझ का परिचय देते हुए संयुक्त अरब अमीरात (UAE) से चीन की ओर जा रहे दो विशाल समुद्री जहाजों (Vessels) का बीच रास्ते में ही सौदा कर भारत की तरफ मोड़ लिया। करीब 50 हजार मीट्रिक टन LPG से लदे ये दोनों जहाज अब भारतीय बंदरगाहों पर पहुंच चुके हैं, जिनसे देश में लगभग 40 लाख गैस सिलेंडरों की कमी को पूरा किया जा सकेगा। नितिन खारा ने एक चैनल से बातचीत में कहा किकल से इन दोनों जहाजों से एलजी कि लोडिंग शुरू कर हो जाएगी।
प्रीमियम देकर जहाजों को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से भारत डायवर्ट कराया
उद्योगपति नितिन खारा ने बताया कि उन्हें पता लगा कि UAE के कम्पनी के दो जहाज जो उनके पोजेशन में थे , यह दोनों जहाज का UAE की कंपनी ने चीन के लिए एग्रीमेंट किया था। जैसे ही नितिन खारा को पता लगा कि दोनों जहाज एलपीजी लेकर चीन जा रहे हैं, तो उन्होंने सोचा कि किसी भी हालत में कितना भी प्रीमियम देना पड़ेगा, दोनों जहाजों को भारत लाना है, यह बहुत बड़ा डिसीजन कहा जाएगा। उन्होंने कहा कि यह एक विशुद्ध व्यावसायिक डील थी जिसके तहत जहाजों को स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज से भारत की ओर डायवर्ट किया गया।
50 हजार मीट्रिक टन गैस का कैसे होगा वितरण?
इस विशाल खेप का वितरण भी तय कर लिया गया है। कुल 50,000 मीट्रिक टन एलपीजी में से 32,000 मीट्रिक टन सरकारी कंपनी हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (HPCL) को दिया जाएगा, जबकि बाकी का 18,000 मीट्रिक टन कॉन्फिडेंस पेट्रोलियम अपने निजी नेटवर्क के लिए इस्तेमाल करेगी। कंपनी का मुख्य उद्देश्य देश के उन 309 एलपीजी पंपों को फिर से चालू करना है जो गैस की कमी के कारण बंद होने की कगार पर थे। वर्तमान में इनमें से लगभग 250 पंप पूरी तरह से ड्राई हो चुके हैं, जिससे ऑटो चालकों और कमर्शियल ग्राहकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। इस नई खेप के आने से अब ऑटो चालकों, इंडस्ट्रियल यूनिट्स और रेजिडेंशियल उपभोक्ताओं को निर्बाध आपूर्ति मिल सकेगी।
दो और शिप स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में फंसे
बता दें कि नितिन खारा के दो जहाज अभी भी स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में फंसे हुए हैँ। चार और एलपीजी जहाज के लिए वह डील कर रहे हैं कि कैसे उसे भारत लाया जा सके ,जो जहाज होर्मुज में फंसा है उनके कैप्टन से रोज बातचीत हो रही है। वह बाहर नहीं निकल रहे हैं। वह जहाज पर ही हैं और जैसे ही युद्ध की स्थिति ठीक होगी तब वह जहाज मूव कर पाएंगे।


