MP: जीरो टॉलरेंस…पहली बार पानी छोड़ते ही ध्वस्त हो गई ‘400 करोड़ रुपये की नहर’, इलाके में भरा पानी

भोपाल । मध्य प्रदेश में भ्रष्टाचार का जीरो टॉलरेंस लगातार सामने आ रहा है। नया मामला रीवा जिले के तराई अंचल के जवा जनपद के डागडैया परोहन टोला का सामने आया है। यहां पर मिनी बाणसागर त्योंथर परियोजना की चार सौ करोड़ की निर्माणाधीन नहर ही पहले पानी छोड़ते ही टूट गई। इससे आस पास के बहुत बड़े इलाके में पानी भर गया। 

गांव में नहर का पानी घुसने से कच्चे मकानों के गिरने का खतरा पैदा हो गया.ग्रामीणों नहर निर्माण का काम कर रही कंपनी के खिलाफ गुस्सा हैं. बता दें लगभग 400 करोड़ रुपये की लागत से नहर निर्माण का काम जारी है।एकाएक अपने घर में पानी घुसा हुआ देखकर लोग घबरा गए. समझ में नहीं आया कि बारिश भी नहीं हुई, आसपास नदी-नाले भी नहीं है, फिर एक का एक पानी कहां से आ गया. जानकारी जुटाने पर पता चला कि नहर फूट गई है।

नहर टूटने से अब निर्माण कार्य में बड़े फैमाने पर हो रही भ्रष्टाचार की पोल खुल गई है. ताजा मामला मिनी बाणसागर त्योंथर बहाव परियोजना की नहर डगडैया परोहन टोला का है. इस इलाके में लगभग 400 करोड़ रुपये की लागत से नहर का काम चल रहा है. इस नहर को अभी हाल ही में बनाया गया है, जिसमें बीती रात पानी छोड़ा गया था, लेकिन पानी छोड़ते ही नहर टूट गई।

कंपनी के कर्मचारी समय पर नहीं पहुंचे

गांव वालों ने तुरंत ही नहर बना रही कंपनी मैनटेना इंफ्रा को इसकी जानकारी दी, लेकिन कंपनी के कर्मचारी समय पर नहीं पहुंचे. फिर प्रशासन को खबर दी गई, तो पुलिस भी मौके पर पहुंची. इसके बाद काम कर रही कंपनी के कर्मचारियों को बुलाया गया. हालांकि, तब तक काफी देर हो चुकी थी, जिसकी वजह से गांव वालों का काफी नुकसान हो गया. गांव वालों ने आगे आने वाले समय में धान बोने के लिए धान की नर्सरी और सब्जी लगा रखी थी, जिसका नुकसान हो गया. मिनी बाणसागर परियोजना की नहर निर्माण कंपनी मंटेना के कर्मचारी मौके पर पहुंचे और टूटे हुए नहर के हिस्से की मरम्मत शुरू की।

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