भोपाल। मध्य प्रदेश के सरपंचों ने सरकार से 15 हजार रुपए प्रतिमाह वेतन की मांग की है। इसके लिए 23 हजार पंचायतों से सरपंच मंगलवार को भोपाल पहुंचे। सबसे पहले वे लिंक रोड नंबर दो स्थित अंबेडकर पार्क में एकत्रित हुए। यहां सरपंचों के 3 गुटों ने सीएम हाउस घेराव का ऐलान कर दिया।
उन्हें मनाने पंचायत मंत्री प्रहलाद पटेल पहुंचे। लेकिन, सरपंच सहमत नहीं हुए, और उनके जाते ही वे सीएम हाउस की तरफ बढ़ने लगे। जैसे ही वे आगे बढ़े पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की। महिला सरपंच पुलिस के घेरे को तोड़कर आगे बढ़ने लगी तो बैरिकेड्स लगा दिए गए।
बाद में पुलिस ने मुख्यमंत्री से मिलने प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों के नाम देने का कहा। लेकिन, सरपंच हर जिले से एक प्रतिनिधि को बुलाने पर अड़े रहें। इस बीच सरपंच संघ के प्रदेश अध्यक्ष राजवीर सिंह तोमर ने कहा- मुख्यमंत्री से मुलाकात की अफवाह फैलाई गई है। हमारी कोई मुलाकात नहीं हुई है। शाम करीब 5 बजे प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी भी प्रदर्शन स्थल पहुंचे और सरपंचों की मांगों का समर्थन किया।शाम को सरपंचों ने आपस में चर्चा की। बताया- कलेक्टर ने कहा कि मंत्री जी ने 15 दिन का समय मांगा है। हम गधे या कुत्ते के गले में ज्ञापन बांधकर अगले 15 दिन तक पंचायतों का काम ठप करेंगे।
जीतू पटवारी बोले- 5 हजार महीने वेतन मिले
सरपंचों के धरना-प्रदर्शन में शामिल हुए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा- कांग्रेस पार्टी सरपंचों के साथ है। सरपंचों को प्रतिमाह ₹20000 और पंचों को ₹5000 वेतन दिया जाना चाहिए।
