MP: मनोज श्रीवास्तव बने नए राज्य निर्वाचन आयुक्त, पुनर्गठन आयोग से इस्तीफा
भोपाल। सेवानिवृत्त अपर मुख्य सचिव मनोज श्रीवास्तव मध्यप्रदेश मध्यप्रदेश के नए राज्य निर्वाचन आयुक्त बन गए हैं। सामान्य प्रशासन विभाग ने मंगलवार शाम को आदेश जारी कर दिया है। इससे पहले आयोग के आयुक्त रहे बसंत प्रताप सिंह का 6 माह का अतिरिक्त कार्यकाल आज 31 दिसंबर पूरा हुआ है।
वर्तमान में मनोज श्रीवास्तव राज्य पुनर्गठन आयोग प्रशासनिक इकाई के सदस्य थे। इस पद से उन्होंने त्यागपत्र दे दिया है। शाम को राज्य शासन ने राज्य निर्वाचन आयुक्त के पद पर नई नियुक्ति के आदेश जारी किए। श्रीवास्तव के पहले इस पद पर पूर्व मुख्य सचिव वीरा राणा और रिटायर्ड एसीएस मलय श्रीवास्तव की भी दावेदारी थी। इसके पहले 30 सितम्बर को पूर्व मुख्य सचिव वीरा राणा के रिटायरमेंट के दिन उन्हें नया राज्य निर्वाचन आयुक्त बनाए जाने के आदेश जारी होने वाले थे। राज्य निर्वाचन आयोग में इसकी तैयारी भी कर ली गई थी और बीपी सिंह ने स्टाफ को हाई-टी देकर खुद को कार्यमुक्त भी बता दिया था। अनुराग जैन को मुख्य सचिव बनाने का आदेश जारी होने के बाद समीकरण बदल गए। इसके बाद वीरा राणा काे राज्य निर्वाचन आयुक्त बनने का फैसला टल गया।
30 जून को खत्म हो गया था सिंह का कार्यकाल
इससे पहले राज्य निर्वाचन आयुक्त रहे बीपी सिंह का कार्यकाल 30 जून 2024 को खत्म हो गया था। तब सरकार ने किसी नए आयुक्त को नियुक्ति नहीं देते हुए बीपी सिंह को ही पद पर बने रहने के आदेश जारी किए थे। इसमें कहा गया था कि राज्य निर्वाचन आयुक्त कार्यकाल पूरा होने के बाद 6 माह तक पद पर बने रह सकते हैं।
कई महत्वपूर्ण पदों पर रहे हैं
मनोज श्रीवास्तव पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के अपर मुख्य सचिव के पद से अप्रैल 2021 में सेवानिवृत्त हुए थे। वर्तमान में वे राज्य सरकार द्वारा गठित प्रशासनिक इकाई पुनर्गठन आयोग के सदस्य थे।मनोज श्रीवास्तव इंदौर कलेक्टर के अलावा जनसंपर्क आयुक्त भी रहे हैं। श्रीवास्तव सीएम सचिवालय में सचिव और प्रमुख सचिव, वाणिज्यिक कर विभाग के प्रमुख सचिव, एसीएस पंचायत और ग्रामीण विकास, पशुपालन समेत कई विभागों में अपनी सेवाएं दे चुके हैं।







