देश के केंद्रीय सुरक्षा बलों में 93 हजार पद खाली, CISF और CRPF में सबसे ज्यादा कमी..

नई दिल्ली। केंद्रीय सशस्त्र बलों में 93 हजार से अधिक पद खाली है। इन पदों में सबसे अधिक पद केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआइएसएफ) और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआइएसएफ) शामिल है। हाल ही में गृह मंत्रालय की ओर से संसद में दिए गई एक रपट में यह जानकारी सामने आई है।
मंत्रालय के मुताबिक इन बलों के लिए सरकार द्वारा 1072692 पद स्वीकृत हैं और कुल पदों में से केवल 969645 पद ही भरे हुए हैं। गृह मंत्रालय के मुताबिक भारत के इन प्रमुख बलों में असम राइफल्स (एआर ), सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ), केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआइएसएफ), केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ), भारतीय तिब्बत सीमा पुलिस (आइटीबीपी) और सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) शामिल है। इन बलों में तय पदों की तुलना में कम सेवाकर्मी तैनात है।
सरकार ने इसको सार्वजनिक तौर पर बताया है
इस मामले में कांग्रेस सांसद रणदीप सिंह सुरजेवाला के एक सवाल के जवाब में यह जानकारी गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय की ओर से दी गई है। इस जानकारी में किन बलों में कितने पद निर्धारित है और इनमें से कितने पद भरे हुए हैं इसकी जानकारी मंत्रालय की ओर से दी गई है।
मंत्रालय के मुताबिक वायु सेना में 64540 में से 61791 पदों पर तैनाती की गई है, जबकि इस बल में 3749 पद खाली है। इसी प्रकार बीएसएफ में 271877 पदों की अनुमति हैं, जिस पदों पर केवल 257346 पदों पर ही तैनाती है। यहां पर भी कुल 14531 पद खाली है।
सबसे अधिक खाली पदों वाले बल में सीआइएसएफ शामिल है, यहां पर 28342 पद खाली हैं। इस बल के लिए कुल 1.98,772 पद अनुमत हैं, जिसमें से इस समय 159956 पदों पर ही तैनाती की गई है। इसके बाद दूसरे नंबर पर सबसे अधिक खाली पद सीआरपीएफ में हैं, यहां पर 27400 पद खाली पड़े हैं। मंत्रालय के मुताबिक इस बल में कुल 3,30,818 पद की अनुमति हैं और तैनाती केवल 303818 पद पर ही की गई है।
इसी प्रकार आइटीबीपी में 105136 में से 12333 और 1000549 में से 6784 पद खाली पड़े हुए हैं।
मंत्रालय का कहना है कि इन रिक्त पदों को भरना एक सतत प्रक्रिया है और इन्हें भरने के लिए तेजी से कदम उठाए जा रहे हैं। सरकार ने भर्ती प्रक्रिया में स्वास्थ्य जांच व अन्य जांच में लगने वाले समय को कम किया है और सिपाही की भर्ती के लिए कट आफ के अंक कम कर दिए हैं।
केंद्र सरकार ने इन बलों के आधुनिकीकरण के लिए बजट आंवटन में बीते पांच साल में हर साल बजट प्रावधान को बढ़ाया है। यह बजट प्रावधान वर्ष 2021- 22 में 281 करोड़ रुपए था जो कि 2025 26 में बढ़कर 352 करोड़ रुपए हो गया है।
इसके अतिरिक्त इन बलों के कार्यालयभवन, आवासीय भवन, जमीन अधिग्रहण आदि जैसी पूंजीगत संपत्तियों के निर्माण के लिए पुलिस अवसंरचना योजना नामक एक केंद्रीय योजना शुरू की है। इस योजना के तहत 15 वें वित्तीय आयोग के तहत वर्ष 2021-22 से 2025- 26 तक के लिए 18131.14 करोड़ रुपए की राशि का प्रावधान किया गया है।
मध्य पूर्व में चल रहे तनाव के बीच भारत की ऊर्जा सुरक्षा को लेकर सरकार ने भरोसा जताया है। सरकारी सूत्रों के अनुसार, भारत के पास इस समय 25 दिनों का कच्चे तेल (क्रूड ऑयल) का भंडार मौजूद है। इसके अलावा 25 दिनों का पेट्रोल और डीजल का भी स्टॉक उपलब्ध है। कुल मिलाकर देश के पास करीब 8 हफ्तों का कच्चा तेल और पेट्रोलियम उत्पादों का भंडार है।





