पंजाब का डाकखना बना जंग का मैदान, जमकर चले लात-घूंसे, कर्मचारियों को मारे गए थप्पड़

गोराया  
अपनी खराब कार्यप्रणाली के लिए अक्सर चर्चा में रहने वाला गोराया का डाकघर एक बार फिर उस समय चर्चा में आ गया जब डाकघर के अंदर ही डाकघर के कर्मचारियों को थप्पड़ मारे गए। इन कर्मचारियों ने यह भी नहीं देखा कि यह सार्वजनिक स्थान है और दूसरी ओर वहां एक महिला कर्मचारी भी मौजूद थी। बिना किसी शर्म के दोनों कर्मचारी लड़ते रहे और एक-दूसरे को गालियां भी दीं।

इस संबंध में जानकारी देते हुए मनोज कुमार ने बताया कि वह लुधियाना से यहां पर तैनात हुआ है जो कि गोराया में पोस्टर असिस्टेंट, मार्केटिंग एग्जीक्यूटिव रिलेशन है। मनोज कुमार ने बताया कि एक ग्राहक ने मुझे फोन किया कि उसे सुबह एक पार्सल भेजना है। मुझे उस उसका रेट बताओ जब में डाकघर के कर्मचारी शोभित के पास गया, उसने मुझे इगनोर कर दिया और कहा कि मैं आपके शेड्यूल के अनुसार काम नहीं करूंगा, तुम मेरे प्रभारी नहीं हो, ग्राहक मेरी लाइन पर था। ग्राहक ने फोन काट दिया, इसलिए मुझे अपमानित महसूस हुआ। इतने में बात बढ़ गई और हाथो-पाई पर उतर आई, जिस कारण मुझे मौके पर पुलिस बुलानी पड़ी। मनोज ने बताया कि उसके खिलाफ पहले भी ग्राहकों, एजेंटों और कर्मचारियों द्वारा कई शिकायतें की जा चुकी हैं। सभी के प्रति उनका व्यवहार बेहद खराब है और विभाग को उनके खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए।

उधर, मौके पर मौजूद महिला कर्मचारी पूनम ने बताया कि गोराया कार्यालय में तैनात शोभित का कामकाज बेहद खराब व घटिया है। वह हर किसी के साथ असभ्य व्यवहार करता है और अभद्र भाषा का प्रयोग करता है। उन्होंने कहा कि उन्होंने यह भी नहीं देखा कि उनके सीनियर अधिकारी कार्यालय में मौजूद थे और महिला कर्मचारी भी मौके पर मौजूद थीं। उसने अपशब्द कहे और उनके साथ हाथापाई भी की।

उन्होंने कहा कि वह पहले भी कई लोगों से झगड़ा कर चुके हैं, लेकिन विभाग उनके खिलाफ कोई कार्रवाई क्यों नहीं करता, यह उनकी समझ से परे है। पूरे कार्यालय का माहौल खराब हो गया है। फिलहाल मनोज और शोभित दोनों ने पुलिस में शिकायत दर्ज करा दी है।

 


Source : Agency

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