MP : मूंग खरीदी की मांग को. लेकर आधे दिन हरदा बंद, सातवें दिन भी धरना जारी, कई जिलों में प्रदर्शन

भोपाल। हरदा जिला मुख्यालय की कृषि उपज मंडी में भारतीय किसान संघ का अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन सातवें दिन भी जारी है। शुक्रवार को संघ के आह्वान पर आधे दिन का हरदा बंद रहा, जिसे व्यापारियों का भरपूर समर्थन मिला। शहर में केवल सब्जी, दूध और मेडिकल स्टोर खुले रहे, जबकि अन्य दुकानें बंद रहीं। प्रदेश के. कई जिलों में किसानों का प्रदर्शन जारी है।

उधर, आम किसान यूनियन भी शत-प्रतिशत मूंग खरीदी की मांग को लेकर आज जिला मुख्यालय में प्रवेश करने वाले चारों मार्गों पर शाम 4 से 5 बजे के बीच चक्काजाम करेगी। सरकार की सद्बुद्धि के लिए हनुमान चालीसा पाठ कर चुके इससे पहले गुरुवार शाम को सिराली इकाई के किसानों ने सरकार की सद्बुद्धि के लिए हनुमान चालीसा का पाठ कर प्रदर्शन किया था। आज खिरकिया इकाई के किसान धरना दे रहे हैं, जिसमें बड़ी संख्या में जिले के किसान शामिल होकर अपना समर्थन दे रहे हैं।

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मप्र में ग्रीष्मकालीन मूंग खरीदी की सीमा को लेकर किसानों और विपक्ष का विरोध तेज हो गया है। सरकार ने एमएसपी 8,768 रुपए प्रति क्विंटल पर सिर्फ कुल उत्पादन का 25% या प्रति एकड़ 1.20 क्विंटल खरीदने का नियम बनाया है।

इससे 75% फसल सरकारी खरीदी से बाहर हो गई है व किसान शेष उपज 6,000-6,500 रुपए प्रति क्विंटल में बेचने को मजबूर हैं। इससे 2 हजार रुपए प्रति क्विंटल का नुकसान हो रहा है। 12 जिलों में प्रदर्शन जारी हैं। केंद्रीय कृषि मंत्री से मुलाकात में सिर्फ आश्वासन मिलने के बाद किसान नेताओं ने चेतावनी दी है कि खरीदी सीमा नहीं बढ़ी तो आंदोलन और तेज होगा।

कहां-कैसा विरोध प्रदर्शन हुआ
नर्मदापुरम: यहां भारतीय किसान संघ के बैनर तले कलेक्ट्रेट परिसर में किसानों ने भीख मांगकर और हाथों में कटोरा-भगोना लेकर प्रदर्शन किया। इटारसी में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री मोहन यादव और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान का पुतला फूंका। सिवनी मालवा में प्रदर्शन हुआ।
सीहोर: जिले के भैरूंदा क्षेत्र में हजारों किसान अपने ट्रैक्टरों के साथ सड़कों पर उतरे और सरकार के खिलाफ महाप्रदर्शन किया। किसानों ने साफ चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो वे बड़ा चक्काजाम करेंगे।

इनका कहना है

केंद्र से कोटा बढ़वाने की बात मप्र की सरकार को करनी है। जब केंद्र में कृषि मंत्री मप्र के हो तो यह आसान होना चाहिए, पर सरकार किसानों के साथ नहीं है। –धर्मेंद्र सिंह चौहान, अध्यक्ष, मप्र किसान कांग्रेस
हमारी सरकार के प्रतिनिधियों से बात हुई, लेकिन वे मानने को तैयार नहीं है। किसान केंद्र नहीं, मंडी जाकर घाटे में मूंग बेच रहा है। -के. सर्वज्ञ दीवान, प्रांत अध्यक्ष, भारतीय किसान संघ

Sanjay Saxena

BSc. बायोलॉजी और समाजशास्त्र से एमए, 1985 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय , मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के दैनिक अखबारों में रिपोर्टर और संपादक के रूप में कार्य कर रहे हैं। आरटीआई, पर्यावरण, आर्थिक सामाजिक, स्वास्थ्य, योग, जैसे विषयों पर लेखन। राजनीतिक समाचार और राजनीतिक विश्लेषण , समीक्षा, चुनाव विश्लेषण, पॉलिटिकल कंसल्टेंसी में विशेषज्ञता। समाज सेवा में रुचि। लोकहित की महत्वपूर्ण जानकारी जुटाना और उस जानकारी को समाचार के रूप प्रस्तुत करना। वर्तमान में डिजिटल और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया से जुड़े। राजनीतिक सूचनाओं में रुचि और संदर्भ रखने के सतत प्रयास।

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